विमेंस इंडियन ओपन में थाईलैंड की अनुभवी गोल्फ खिलाड़ी पोर्ननोंग फाटलम का शानदार प्रदर्शन खेल प्रेमियों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है। उन्होंने अपने बेहतरीन खेल, सटीक शॉट और शानदार रणनीति से एक बार फिर साबित किया कि अनुभव और धैर्य गोल्फ जैसे खेल में कितने महत्वपूर्ण होते हैं। विमेंस इंडियन ओपन महिला गोल्फ का एक प्रमुख टूर्नामेंट है, जिसमें भारत सहित कई देशों की प्रतिभाशाली खिलाड़ी हिस्सा लेती हैं। इस प्रतियोगिता में खिलाड़ियों को अपनी तकनीक, एकाग्रता और दबाव में बेहतर प्रदर्शन करने की क्षमता दिखाने का अवसर मिलता है। पोर्ननोंग फाटलम लंबे समय से अंतरराष्ट्रीय गोल्फ में सक्रिय हैं और अपने अनुभव के दम पर कई महत्वपूर्ण प्रतियोगिताओं में अपनी पहचान बना चुकी हैं।
2026 के हीरो विमेंस इंडियन ओपन में पोर्ननोंग फाटलम ने इतिहास रचते हुए चौथी बार खिताब अपने नाम किया। 25 अक्टूबर को गुरुग्राम के डीएलएफ गोल्फ एंड कंट्री क्लब में खेले गए टूर्नामेंट के अंतिम दिन उन्होंने सात अंडर पार 65 का शानदार स्कोर बनाया। चार राउंड के बाद उनका कुल स्कोर 11 अंडर पार 277 रहा। इस प्रदर्शन के दम पर उन्होंने भारत की वाणी कपूर को चार शॉट से पीछे छोड़कर खिताब जीता। वाणी कपूर सात अंडर पार 281 के स्कोर के साथ दूसरे स्थान पर रहीं
फाटलम की इस जीत की खास बात यह रही कि उन्होंने अंतिम राउंड में एक भी बोगी नहीं की और सात बर्डी लगाकर अपनी शानदार फॉर्म का परिचय दिया। इससे पहले वह 2008, 2009 और 2012 में भी विमेंस इंडियन ओपन का खिताब जीत चुकी थीं। 14 साल बाद भारत लौटकर उन्होंने फिर से ट्रॉफी पर कब्जा जमाया और यह उपलब्धि हासिल करने वाली पहली खिलाड़ी बनीं, जिन्होंने इस टूर्नामेंट को चार बार जीता है।
इस प्रतियोगिता में भारत की वाणी कपूर ने भी अपने प्रदर्शन से सबका ध्यान खींचा। अंतिम राउंड से पहले वह बढ़त पर थीं और घरेलू दर्शकों को उनसे खिताब जीतने की उम्मीद थी। हालांकि, फाटलम के बेहतरीन खेल के सामने उन्हें दूसरे स्थान से संतोष करना पड़ा। मौजूदा चैंपियन सिंगापुर की शैनन टैन चार अंडर पार के स्कोर के साथ तीसरे स्थान पर रहीं। वहीं, भारत की प्रणवी उर्स और चेक गणराज्य की सारा कौस्कोवा संयुक्त रूप से चौथे स्थान पर रहीं। भारतीय खिलाड़ी त्वेसा मलिक ने भी शीर्ष सात में जगह बनाकर अच्छा प्रदर्शन किया
पोर्ननोंग फाटलम की यह जीत केवल एक खिताब तक सीमित नहीं है, बल्कि यह उनके लंबे अनुभव, मेहनत और खेल के प्रति समर्पण का भी प्रमाण है। उन्होंने अपने प्रदर्शन से दिखाया कि कठिन परिस्थितियों में भी धैर्य और सही रणनीति सफलता दिला सकती है। उनकी इस ऐतिहासिक जीत ने विमेंस इंडियन ओपन 2026 को यादगार बना दिया और अंतरराष्ट्रीय महिला गोल्फ में उनके शानदार सफर को एक नई पहचान दी















