भारत की स्टार बैडमिंटन खिलाड़ी और दो बार की ओलंपिक पदक विजेता पीवी सिंधु ने एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तिरंगा लहराकर देश का नाम रोशन किया है। सिंधु ने जर्मनी में आयोजित हाइलो ओपन सुपर 500 बैडमिंटन टूर्नामेंट का महिला एकल खिताब अपने नाम कर लिया। फाइनल मुकाबले में उन्होंने डेनमार्क की खिलाड़ी लाइन होजमार्क कजर्सफेल्ड को सीधे गेमों में 21-12, 21-14 से हराकर शानदार जीत दर्ज की। इस खिताबी जीत के साथ सिंधु ने इस सीजन की अपनी दूसरी ट्रॉफी हासिल की। खास बात यह है कि वह हाइलो ओपन महिला एकल का खिताब जीतने वाली पहली भारतीय महिला शटलर बन गई हैं। जीत के बाद सिंधु ने अपनी सफलता का श्रेय हनुमान जी की कृपा को दिया और सोशल मीडिया पर भावुक संदेश साझा किया
खिताब जीतने के बाद पीवी सिंधु ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपनी खुशी जाहिर की। उन्होंने जर्मन भाषा के शब्द 'डांके शॉन' से अपने संदेश की शुरुआत की, जिसका अर्थ है बहुत-बहुत धन्यवाद। इसके बाद उन्होंने मजाकिया अंदाज में लिखा कि 31 अब नया 21 है। अपने संदेश में सिंधु ने कहा कि उनके करियर के हर अच्छे और मुश्किल दौर में हनुमान जी की कृपा उनके साथ रही है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उनका सफर अभी खत्म नहीं हुआ है और वह लगातार अपने लक्ष्य की ओर बढ़ती रहेंगी। सिंधु का यह संदेश सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया। प्रशंसकों ने उनकी जीत के साथ-साथ उनके आत्मविश्वास और आस्था की भी सराहना की
फाइनल मुकाबले में दूसरी वरीयता प्राप्त सिंधु का सामना दुनिया की 25वें नंबर की खिलाड़ी और आठवीं वरीयता प्राप्त लाइन होजमार्क कजर्सफेल्ड से हुआ। भारतीय खिलाड़ी ने शुरुआत से ही मुकाबले पर पकड़ बनाए रखी। पहले गेम में सिंधु ने अपने आक्रामक खेल, सटीक शॉट्स और बेहतरीन नेट प्ले से डेनमार्क की खिलाड़ी को दबाव में रखा। उन्होंने लगातार अंक हासिल करते हुए पहला गेम 21-12 से जीत लिया। दूसरे गेम में भी सिंधु ने अपनी लय बरकरार रखी। उन्होंने शुरुआत में ही बढ़त बनाई और अपने अनुभव का इस्तेमाल करते हुए प्रतिद्वंद्वी को वापसी का मौका नहीं दिया। अंत में सिंधु ने 21-14 से दूसरा गेम जीतकर केवल 39 मिनट में खिताब अपने नाम कर लिया















